प्राकृति के हर रंग की अपनी एक विशेषता होती है. हर रंग इंसान को अपनी और आकर्षित करता है. यही कारण है कि रंगों के प्रति हर इंसान की अपनी अलग पसंद होती है. किसी को बहुत चटक रंग पसंद होते हैं, तो किसी को बहुत सादे.

जब बात जंगल की आती है, तो हमारे दिमाग में हरा रंग तेज़ी से दौड़ जाता है. जंगल में हरे रंग के पेड़ पौधे और घनी झाड़ियां जंगल को हरे रंग से ढक देती हैं. वहीं जब बात इन घने जंगलों में रहने वाले जानवरों की आती है, तो हमारी आंखों के सामने जानवरों के अलग- अलग रंग आते हैं.

शेर का नाम सुनकर हमें भूरा रंग याद आता है, तो कोयल का नाम सुनकर काला रंग हमारे ज़ेहन में आता है.

किन्तु, क्या आपने जंगलों में रहने वाले सफ़ेद रंग के जानवरों के बारे में सुना है? अगर नहीं तो कोई बात नहीं आज हम दुनिया के उन असाधारण सफ़ेद रंग के जानवरों और परिंदों के बारे में आपको बताएगें, जिनका दीदार इंसानों को जंगलों में बहुत कम ही होता है. जंगलों के लिये ये जानवर कुदरत का एक विशेष तोहफा माने जाते हैं.

तो चलिए देर न करते हुए जानते हैं ये जानवर कौन से हैं-

सफ़ेद कौआ

झूठ बोले काला कौआ काटे!

अभी तक घर के बड़े लोग बच्चों को झूठ बोलने पर इस पंक्ति को सुना कर डराते थे, लेकिन अगर आप से कहा जाए कि झूठ बोले तो सफ़ेद कौआ काटे तो यह सुनकर आपको अजीब लगेगा.

आप सोचेंगे कि कौआ तो काले रंग का होता है. ऐसे में आपकी जानकारी के लिए बता दें कि कौआ सिर्फ काला ही नहीं सफ़ेद भी होता है. अमेरिका के जंगलों में सफ़ेद कौए पाए जाते हैं.

हालांकि, अभी अधिकांश देशों में जितने कौए पाये जाते हैं, उनका रंग काला ही होता है. जबकि, अमेरिका के जंगलों में सफ़ेद पंख वाले कौए पाए जाते हैं. कौए की इस प्रजाति का रंग पूरा सफ़ेद होता है और इनके पंजे गुलाबी रंग के होते हैं.

अमेरिका के जंगलों में कौए कि प्रजाति की संख्या काफी कम है.

जब ये सफ़ेद कौए अन्य काले कौओं के साथ आसमान में उड़ान भरते हैं, तो इसकी खूबसूरती देखते ही बनती है. यहां तक कि इसे देखने वाला हर व्यक्ति एक पल के लिए हैरान हो जाता है. उसे यकीन ही नहीं होता है कि सफ़ेद रंग का कौआ होता है. वाकई में यह कौए की बहुत ही आकर्षक प्रजाति हैं.

White Crow (Pic: deviantart)

सफ़ेद जिराफ

बात जब सबसे लंबे जानवर की होती है, तो जिराफ का नाम जुबान पर आता है.

अपनी लंबाई के कारण आकर्षण का केंद्र रहने वाले जिराफ का रंग अमूमन तौर पर भूरा होता है. इसके साथ ही जिराफ के पूरे शरीर पर काले रंग के गोल निशान बने होते हैं. दुनियाभर के अधिकांश जंगलों में इसी तरह के जिराफ पाए जाते हैं.

हालांकि, दुनियाभर के पशुप्रेमी तब चौंक गए, जब उन्होंने  केन्या के जंगलों में पाये जाने वाले सफ़ेद जिराफ के बारे में सुना! अख़बारों और टीवी में सफ़ेद जिराफ देखकर लोगों को काफी हैरानी हुई थी. पिछले साल केन्या के जंगलों में लोगों ने दो सफ़ेद जिराफ़ को देखा. बाद में पता चला कि वह मादा जिराफ थी और उसके साथ उसका शावक था.

हालांकि, डॉक्टरों का मानना है कि जंगली जानवरों में हार्मोन परिवर्तन के कारण ऐसा होता है.

वजह जो भी हो उन जिराफ को देख कर दुनिया की आँखें फटी की फटी रह गयी. इसके बाद उनका नाम भी सफ़ेद दुर्लभ जानवरों की सूची में दर्ज हो गया.

White Giraffe (Pic: twistedsifter)

सफ़ेद शेर

शेर को जंगल का राजा कहा जाता है. दुनियाभर के अधिकांश जंगलों में रहने वाले शेरों की प्रजाति ब्राउन रंग की ही पाई जाती है, लेकिन  दक्षिण अफ्रीका के जंगलों में सफ़ेद रंग के दुर्लभ शेर पाये जाते हैं.

साल 1920 में वहां के लोगों को इन दुर्लभ सफ़ेद शेरों की प्रजाति के बारे में पता चला था. वहीं साल 1970 में इन शेरों के ऊपर लिखी गई एक किताब के बाद शेरों की यह अनोखी प्रजाति दुनियाभर में मशहूर हो गई.

सफ़ेद रंग के ये शेर दक्षिण अफ्रीका के तिंबावती के जंगलों में पाए जाते हैं. शायद इसलिए ही इन पर लिखी किताब का नाम ‘दी व्हाइट लायंस ऑफ तिंबावती‘ रखा गया होगा. शेर की इस दुर्लभ सफ़ेद रंग की प्रजाति के बारे में भी वैज्ञानिकों का एक मत है कि हार्मोंस के कारण इन जानवरों का रंग ब्राउन से सफ़ेद हो रहा है.

यही कारण है कि इनपर कई बार शोध करने के लिए इन्हें लैब में रखा गया. इसके उलट कई अफ्रीकी लोग इस दुर्लभ शेर को इसके सफ़ेद रंग के कारण भगवान का अवतार भी मानते हैं.

यह शेर वन्य कर्मियों और वैज्ञानिकों के लिए चर्चा का विषय बने रहते हैं.

White Lion (Pic: miriadna)

सफ़ेद गिलहरी

पेड़ के नीचे बैठ कर मूंगफली खाते हुए और धीमी आवाज़ निकालते हुए आपने कई बार फुर्तीली गिलहरी को देखा होगा.

आमतौर पर गिलहरी का रंग ब्राउन और ग्रे होता है. गिलहरी के शरीर पर काले रंग की धारियां बनी होती हैं, किन्तु अमेरिका में कई बार सफ़ेद गिलहरी भी देखी गई है. यह इस बात की पुष्टि करता है कि गिलहरी की प्रजाति में भी सफ़ेद रंग की गिलहरी मौजूद हैं. अमेरिका के वॉशिंगटन डीसी समेत कई शहरों में सफ़ेद गिलहरी पाई जाती हैं.

हैरानी की बात यह है कि यह सभी सफ़ेद गिलहरी इंसानों की आबादी के बीच में ही रहती हैं. कहा जाता है जंगलों में खुद को शिकारी जानवरों से बचाने के लिए यह गिलहरी आबादी के बीच पेड़ों पर रहना पसंद करती हैं.

White Squirrel (Pic: sciencetrends)

स्नोफ्लेक गोरिल्ला

गोरिल्ला को सबसे समझदार जानवरों की श्रेणी में रखा जाता है. इसकी मुख्य वजह है कि गोरिल्ला इंसानों के भावों और उसकी बातों को आसानी से समझ लेता है और प्रतिक्रिया देता है. दुनियाभर के जंगलों में पाए जाने वाले सभी गोरिल्ला का रंग काला होता है, लेकिन दुनिया का एकमात्र सफ़ेद गोरिल्ला स्पेन में मौजूद था, जिसे स्नोफ्लेक नाम दिया गया था.

स्नोफ्लेक गोरिल्ला स्पेन के बार्सिलोना के ज़ू में चालीस साल तक रहा. स्नोफ्लेक दुनिया का एकमात्र सफ़ेद गोरिल्ला था, जो शुरुआत से ही बार्सिलोना के जंगलों में रहा.

आपको जानकर हैरानी होगी कि यह गोरिल्ला अपनी तैय उम्र से अधिक वर्ष तक जीवित रहा. वैज्ञानिकों के अनुसार एक व्यस्क गोरिल्ला लगभग पच्चीस वर्ष तक ज़िंदा रहता है. जबकि, स्नोफ्लेक सफ़ेद गोरिल्ला चालीस साल तक ज़िंदा रहा. उसके मरने से पहले कई बार वैज्ञानिकों ने उसके सफ़ेद रंग के होने पर शोध किया.

इससे पता चला कि जेनेटिक हार्मोन के कारण उसका रंग सफ़ेद हुआ. साल 2003 में स्नोफ्लेक गोरिल्ला की ज़ू में ही मौत हो गई थी. उसके जाने के बाद कोई और सफ़ेद गोरिल्ला की खबर नहीं आई.

White Gorilla (Pic: dailymail)

तो यह थे दुनिया के सफ़ेद रंग के दुर्लभ जानवर. इन सभी को जब भी किसी ने देख तो सबसे पहले तो वह व्यक्ति हैरान ही हुआ. वैसे भी सफ़ेद रंग के जानवर आखिर किसे देखने को मिलते हैं. इसलिए ही लोग इन्हें देख के हैरान हो जाते हैं.

आपको भी अगर दुनिया के अजीब रंगों वाले जानवरों के बारे में कोई जानकारी है तो कमेंट बॉक्स में अवश्य बतायें.

Web Title: Rare White Creatures In The World, Hindi Article

Featured Image Credit: lbc9