24 फरवरी, सन 2002…रविवार का दिन…साउथ अफ्रीका के जोहानिसबर्ग का मैदान…अपनी दूसरी पारी में टेस्ट मैच पलटने के इरादे से उतरी टीम साउथ अफ्रीका…और सामने ऑस्ट्रेलिया की टीम.

मैदान में मैच देख रहे दर्शक ये सोच रहे थे कि साउथ अफ्रीका इस मैच को बचा ले जाएगी. मगर उनका ये सपना ऑस्ट्रेलिया के दो गेंदबाजों ने चकनाचूर करके रख दिया! आप सोच में पड़ गए होंगे कि आखिर वो कौन से दो गेंजबाज हैं, जिन्होंने ये कारनामा किया?

तो साउथ अफ्रीका के हाथों से जिन्होंने, ये मैच खींचा था वो थे ग्लेन मैकग्रा और शेन वॉर्न. इनकी गेंदबाजी ने उस मैच में ऐसा दम दिखाया कि देखते ही देखते अफ्रीकन टीम के सारे बल्लेबाज पवेलियन लौट गए.

जी हां,  एक वक्त था जब अपनी दूसरी पारी में साउथ अफ्रीका 89 रन पर 1 विकेट के साथ मैदान पर थी और इसके बाद वो 133 रनों पर सिमट गई. इससे पहले की पारी में भी साउथ अफ्रीका का कुछ यही हाल हुआ था और इसमें मुख्य भूमिका अगर किसी की थी तो वो थे ग्लेन मैकग्रा!

जी हां, जेंटलमैन गेम कहे जाने वाले क्रिकेट में ग्लेन मैकग्रा ने कई बार ऐसे कारनामे करके दिखाए.

वर्ल्ड कप से लेकर लीग मैचों तक…चाहे वो फिर टेस्ट हो या वनडे…जब-जब ऑस्ट्रेलियन टीम को उनकी जरुरत पड़ी है, उन्होंने टीम का बखूबी साथ दिया है.

ऐसे में अब ये जानना जरुरी हो जाता है कि आखिर वो यहां तक पहुंचे कैसे? आखिर क्रिकेट के मैदान में मैकग्रा के आंकड़े क्या कहते हैं-

बचपन से था क्रिकेट का शौक !

ऑस्ट्रेलिया के महानतम गेंदबाजों में से एक कहे जाने वाले ग्लेन मैकग्रा का जन्म ऑस्ट्रेलिया के डाबू नामक स्थान पर हुआ. शुरु के कुछ दिन वो यहीं रहे इसके बाद उनका पालन पोषण न्यू साउथ वेल्स में हुआ.

ऐसा नहीं है कि अचानक ही ग्लेन मैकग्रा को क्रिकेट का बुखार चढ़ा हो, बल्कि बचपन के दिनों से ही वो इस खेल को पंसद करते थे. उनकी  इस प्रतिभा को देखा और ऑस्ट्रेलियन क्रिकेटर डॉग वाल्टर्स ने पहचाना.

एक मैच के दौरान दोनों की मुलाकात हुई. इस मुलाकात के दौरान वाल्टर्स को मैकग्रा की गेंदबाजी पसंद आई थी. वो 1992-93 का साल था. जब ग्लेन सदरलैंड के लिए ग्रेड क्रिकेट खेलने सिडनी चले गए.

यहां उन्होंने 8 फर्स्ट क्लास मैच खेले और इन मैचों में ग्लेन का प्रदर्शन इतना बेहतरीन था कि इसके बाद ग्लेन का चयन ऑस्ट्रेलिया की टेस्ट टीम में हो गया. ये वही वक्त था जब उनके अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट करियर की शुरुआत हो रही थी !

Glenn McGrath Great Bowler (Pic: thecricketmonthly)

शुरुआत से की कसी हुई गेंदबाजी

ग्लेन मैकग्रा ने 12 नंवबर 1993 को न्यूजीलैंड के खिलाफ पर्थ के मैदान में टेस्ट मैच खेलकर अपने अंतर्राष्ट्रीय करियर की शुरुआत की.

इस मैच में भले ही ग्लेन को सिर्फ 3 विकेट मिले, मगर किसी को ये नहीं पता था कि आगे आने वाले सालों में यही गेंदबाज ऑस्ट्रेलिया के लिए पत्थर की नींव साबित होगा.

जैसे-जैसे ग्लेन मैकग्रा टेस्ट मैच खेलते गए उनका प्रदर्शन बेहतर होता गया. कई मौकों पर जब टेस्ट मैच में ऑस्ट्रेलिया की टीम कमजोर पड़ी ग्लेन मैकग्रा ने अपनी गेंदबाजी से मैच को टीम के पक्ष में किया.

वहीं अगर बात मैकग्रा के वनडे करियर की हो, तो उन्होंने अपना वन डे करियर 9 दिसंबर 1993 को साउथ अफ्रीका के खिलाफ शुरु किया. इस मैच में भले ही मैकग्रा के हाथ कोई विकेट नहीं आया. मगर पूरे मैच में उनकी गेंदबाजी कसी हुई थी.

इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि उन्होंने 8 ओवर 4 बॉल फेंककर सिर्फ 28 रन ही खर्च किए.

Glenn McGrath (Pic: thecricketmonthly)

गेंदबाजी के आंकड़े रिकॉर्ड से भरे हैं

आंकड़ों की बाजीगरी में भी ग्लेन बादशाह कहलाते हैं. चाहे टेस्ट मैच हो या वनडे या फिर टी-ट्वेंटी तीनों ही फॉर्मेट में उनका जलवा कायम ही रहा.

अपने 14 साल के क्रिकेट करियर में ग्लेन ने कई कारनामे करके दिखाए. अगर बात टेस्ट मैचों की करें तो उन्होंने 124 टेस्ट मैचों में 563 विकेट अपने नाम किए.

इस दरम्यान 29 बार वो मौके आए जब ग्लेन ने एक साथ 5 बल्लेबाजों को चलता किया. वहीं 3 बार वो मौका भी आया, जब ग्लेन ने लगभग पूरी टीम को ही पवेलियन भेज दिया. ऐसे ही उन्हें क्रिकेट के महानतम खिलाड़ियों में नहीं गिना जाता !

टेस्ट मैचों के साथ वनडे मैचों में भी ग्लेन का रिकॉर्ड शानदार है. उन्होंने अपने पूरे वनडे करियर में 250 मैच खेले हैं. इन 250 मैचों में उनके नाम हैं 381 विकेट.

ग्लेन की गेंदबाजी वनडे में कितनी बेहतरीन थी. इसका प्रमाण देने के लिए सिर्फ यही आंकड़ा काफी है कि उन्होंने 7 बार 5 बल्लेबाजों को एक साथ एक मैच में पवेलियन भेजा.

यहीं नहीं उनका नाम गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में भी दर्ज है. आप पूछेंगे क्यों ? तो इसके पीछे का कारण ये है कि उन्होंने 2007 के वर्ल्ड कप टूर्नामेंट में 26 विकेट अपने नाम किए थे, जोकि एक टूर्नामेंट में किसी गेंदबाज की तरफ से लिए गए सबसे ज्यादा विकेट थे

ग्लेन के नाम टेस्ट मैच फॉर्मेट में सबसे ज्यादा 35 बार खिलाड़ियों को शून्य पर ऑउट करने का रिकॉर्ड है. इसके बाद उनके ही टीम के खिलाड़ी शेन वॉर्न का नंबर आता है.

बॉलिंग के साथ-साथ बैटिंग में भी ग्लेन ने कई बार हाथ आजमाया है. आपको जानकर हैरानी होगी मगर ये हकीकत है कि उन्होंने 7 दफे 10वें विकेट के लिए बेस्ट पार्टनरशिप दी है.

अपने टेस्ट और वनडे करियर के आखिरी मैच की आखिरी गेंद पर भी ग्लेन मैकग्रा ने विकेट लेने का रिकॉर्ड कायम किया है.

Glenn McGrath Great Bowler (Pic: saminaik)

मैच बदलने का रखते थे दम !

अपने 14 साल के क्रिकेट करियर में मैकग्रा ने कई बार मैचों का रुख बदलकर रख दिया है.

1997 में इंग्लैड के खिलाफ लंदन में खेला गया वो टेस्ट मैच कोई नहीं भूल सकता, जिसमें ग्लेन ने पहली इनिंग में 8 इंग्लैड बल्लेबाजों को चलता कर दिया था.

मात्र 20 ओवर की गेंदबाजी में ही 8 बल्लेबाज उनका शिकार बने थे. ये वो वक्त था जब ऑस्ट्रेलिया की टीम इंग्लैंड के दौरे पर थी.

हालांकि, ये मैच ड्रा रहा था. पर मैच में ग्लेन की बॉलिंग ने दर्शकों का दिल जीत लिया था. अपनी धारदार बॉलिंग की वजह से ग्लेन को प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया था.

इसी क्रम में गाबा में सन 2006 में एशेज के पहले टेस्ट मैच में इंग्लैड के खिलाफ उनका प्रदर्शन वाकई बेहतरीन था. इस मैच में उनकी गेंदबाजी ने सबको चौंकाकर रख दिया. मैच में उन्होंने उन 6 बल्लेबाजों को आउट किया, जो मैच को बदलने का दम रखते थे.

इन बल्लेबाजों में एंड्रयू स्ट्रॉस, एलिस्टर कुक और केविन पिटरसन जैसे बल्लेबाज थे. मैच में पूरी इंग्लैड टीम की कमर उन्होंने तोड़कर रख दी. इस मैच में ऑस्ट्रेलिया ने इसी गेंदबाजी की मदद से 277 रनों से मैच जीता था.

एक मौका और था, जब ग्लेन की गेंदबाजी ने मैच को ऑस्ट्रेलिया के पाले में कर दिया था. वो साल था 2003 का. 27 फरवरी के दिन वर्ल्ड कप में निबिया के खिलाफ ग्लेन ने 7 बल्लेबाजों को पवेलियन का रास्ता दिखाया था.

इस मैच में उनकी गेंदबाजी को कोई भी निबिया का बल्लेबाज समझ नहीं पाया. एक के बाद एक करके उन्होंने 7 बल्लेबाजों के विकेट लिए. इस मैच में अपनी बेहतरीन बॉलिंग के लिए  ग्लेन ने मैन ऑफ द मैच का अवॉर्ड जीता था.

ग्लेन ने 2006 में टेस्ट क्रिकेट और 2007 में वर्ल्ड कप से संन्यास ले लिया.

Glenn McGrath Great Bowler (Pic: espncricinfo)

सन्यास के बाद से वो युवा खिलाड़ियों को प्रशिक्षित करते हैं.

एक फाउंडेशन भी उनकी तरफ से चलाया जाता है, जिसमें ब्रेस्ट कैंसर को लेकर महिलाओं को जागरुक करने का काम किया जाता है.

Web Title: Glenn McGrath Great Bowler, Hindi Article

Featured Image Credit: icc-cricket